रविवार, 26 सितंबर 2021

छठ : सूर्यदेव की आरती Chhath : Lord Sun Aarti


ॐ जय कश्यपनन्दन, प्रभु जय अदिति नन्दन।

त्रिभुवन तिमिर निकन्दन, भक्त हृदय चन्दन॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन।

छठ व्रत कथा 

सप्त अश्वरथराजित, एक चक्रधारी।

दु:खहारी, सुखकारी, मानस मलहारी॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन।


सुर मुनि असुर वन्दित, विमल विभवशाली।

अघ-दल-दलन दिवाकर, दिव्य किरणमाली॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन।


सकल सुकर्म प्रसविता, सविता शुभकारी।

विश्व विलोचन मोचन, भव-बन्धन भारी॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन।


कमल समूह विकासक, नाशक त्रय तापा।

सेवत सहज हरत अति, मनसिज सन्तापा॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन।


नेत्रव्याधिहर सुरवर, भू-पीड़ा हारी।

वृष्टि विमोचन सन्तत, परहित व्रतधारी॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन। 


सूर्यदेव करुणाकर, अब करुणा कीजै।

हर अज्ञान मोह सब, तत्त्वज्ञान दीजै॥ 

ॐ जय कश्यपनन्दन। 

प्रस्तोता : शीतांशु कुमार सहाय

गुरुवार, 16 सितंबर 2021

भगवान विश्वकर्मा के १०८ नाम, १०८ मन्त्र मन्त्र Lord Vishwakarma's 108 Name & 108 Mantras


-शीतांशु कुमार सहाय         

      भगवान विश्वकर्मा को वास्‍तु शास्‍त्र और यन्त्रों का देवता कहा जाता है। भारतीय संस्कृति में उन की पूजा पूरी विधि-विधान से की जाती है। निर्माण के देवता विश्वकर्मा की वार्षिक पूजा कन्या संक्रान्ति या १७ सितम्बर को होती है। भगवान विश्वकर्मा की कृपा पाने के लिए उन के १०८ नामों का पाठ करना बहुत लाभदायी होता है।

विश्वकर्मा के १०८ नाम-मन्त्र का वीडियो 

     भगवान विश्वकर्मा के एक सौ आठ नामों को जपिये। नियमानुसार जो जनेऊ धारण करते हैं, वे भगवान के नामों के आगे 'ऊँ' का उच्चारण करेंगे। जो भक्त जनेऊधारी नहीं हैं, वे भगवान के नामों के आगे 'श्री' का उच्चारण करेंगे। यहाँ भगवान विश्वकर्मा के नामों के आगे 'ऊँ' का उल्लेख किया गया है--

१.  ॐ विश्वकर्मणे नमः
२.  ॐ विश्वात्मने नमः
३.  ॐ विश्वस्माय नमः
४.  ॐ विश्वधाराय नमः
५.  ॐ विश्वधर्माय नमः 
६.  ॐ विरजे नमः
७.  ॐ विश्वेक्ष्वराय नमः
८.  ॐ विष्णवे नमः
९.  ॐ विश्वधराय नमः
१०.  ॐ विश्वकराय नमः
११.  ॐ वास्तोष्पतये नमः
१२.  ॐ विश्वम्भराय नमः
१३.  ॐ वर्मिणे नमः
१४.  ॐ वरदाय नमः
१५.  ॐ विश्वेशाधिपतये नमः
१६.  ॐ वितलाय नमः
१७.  ॐ विशभुजाय नमः
१८.  ॐ विश्वव्यापिने नमः
१९.  ॐ देवाय नमः
२०.  ॐ धार्मिणे नमः
२१.  ॐ धीराय नमः
२२.  ॐ धराय नमः
२३.  ॐ परात्मने नमः
२४.  ॐ पुरुषाय नमः
२५.  ॐ धर्मात्मने नमः
२६.  ॐ श्वेताङ्गाय नमः
२७.  ॐ श्वेतवस्त्राय नमः
२८.  ॐ हंसवाहनाय नमः
२९.  ॐ त्रिगुणात्मने नमः
३०.  ॐ सत्यात्मने नमः
३१.  ॐ गुणवल्लभाय नमः
३२.  ॐ भूकल्पाय नमः
३३.  ॐ भूलेंकाय नमः
३४.  ॐ भुवलेकाय नमः
३५.  ॐ चतुर्भुजाय नमः
३६.  ॐ विश्वरूपाय नमः
३७.  ॐ विश्वव्यापकाय नमः
३८.  ॐ अनन्ताय नमः
३९.  ॐ अन्ताय नमः
४०.  ॐ आह्माने नमः
४१.  ॐ अतलाय नमः
४२.  ॐ आघ्रात्मने नमः
४३.  ॐ अनन्तमुखाय नमः
४४.  ॐ अनन्तभुजाय नमः
४५.  ॐ अनन्तयक्षुय नमः
४६.  ॐ अनन्तकल्पाय नमः
४७.  ॐ अनन्तशक्तिभूते नमः
४८.  ॐ अतिसूक्ष्माय नमः
४९.  ॐ त्रिनेत्राय नमः
५०.  ॐ कम्बीघराय नमः
५१.  ॐ ज्ञानमुद्राय नमः
५२.  ॐ सूत्रात्मने नमः
५३.  ॐ सूत्रधराय नमः
५४.  ॐ महलोकाय नमः
५५.  ॐ जनलोकाय नमः
५६.  ॐ तषोलोकाय नमः
५७.  ॐ सत्यकोकाय नमः
५८.  ॐ सुतलाय नमः
५९.  ॐ सलातलाय नमः
६०.  ॐ महातलाय नमः
६१.  ॐ रसातलाय नमः
६२.  ॐ पातालाय नमः
६३.  ॐ मनुषपिणे नमः
६४.  ॐ त्वष्टे नमः
६५.  ॐ देवज्ञाय नमः
६६.  ॐ पूर्णप्रभाय नमः
६७.  ॐ हृदयवासिने नमः
६८.  ॐ दुष्टदमनाथाय नमः
६९.  ॐ देवधराय नमः
७०.  ॐ स्थिरकराय नमः
७१.  ॐ वासपात्रे नमः
७२.  ॐ पूर्णानन्दाय नमः
७३.  ॐ सानन्दाय नमः
७४.  ॐ सर्वेश्वराय नमः
७५.  ॐ परमेश्वराय नमः
७६.  ॐ तेजात्मने नमः
७७.  ॐ परमात्मने नमः
७८.  ॐ कृतिपतये नमः
७९.  ॐ बृहद्स्मरणाय नमः
८०.  ॐ ब्रह्माण्डाय नमः
८१.  ॐ भुवनपतये नमः
८२.  ॐ त्रिभुवननाथाय नमः
८३.  ॐ सततनाथाय नमः
८४.  ॐ सर्वादये नमः
८५.  ॐ कर्षापाय नमः
८६.  ॐ हर्षाय नमः
८७.  ॐ सुखकर्त्रे नमः
८८.  ॐ दुखहर्त्रे नमः
८९.  ॐ निर्विकल्पाय नमः
९०.  ॐ निर्विधाय नमः
९१.  ॐ निस्माय नमः
९२.  ॐ निराधाराय नमः
९३.  ॐ निकाकाराय नमः
९४.  ॐ महदुर्लभाय नमः
९५.  ॐ निर्मोहाय नमः
९६.  ॐ शान्तिमूर्तय नमः
९७.  ॐ शान्तिदात्रे नमः
९८.  ॐ मोक्षदात्रे नमः
९९.  ॐ स्थवीराय नमः
१००.  ॐ सूक्ष्माय नमः
१०१.  ॐ निर्मोहय नमः
१०२.  ॐ धराधराय नमः
१०३.  ॐ स्थूतिस्माय नमः
१०४.  ॐ विश्वरक्षकाय नमः
१०५.  ॐ दुर्लभाय नमः
१०६.  ॐ स्वर्गलोकाय नमः
१०७.  ॐ पञ्चवक्त्राय नमः
१०८.  ॐ विश्वल्लभाय नमः

     भगवान विश्वकर्मा की कृपा सब पर बनी रहे!